Monday, 11 April 2022

क्षमा वीरस्य भूषणम्

क्षमा वीरों का आभूषण है

मगर ये क्षमा.. किसी और के लिए नहीं

बल्कि हमारे ही लिए होती है..

क्योंकि जब हम माफ कर पाते हैं 

तब हम शांत हो जाते हैं ...

जब नहीं कर पाते 

तब बेहद बेचैन

और विध्वंसक हो जाते हैं....

जीवन कुछ रच सकें

जीवन को उसके वास्तविक अर्थों में हम जी सकें

इसके लिए जरूरी है 

हमारे पास विध्वंसक नहीं 

रचनात्मक ऊर्जा हो....।


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