The Beginning
Tuesday, 23 June 2020
साथ की पूर्णता
दो अधूरी-सी रूहें
साथ में इस कदर पूरी-सी
कि रह नहीं सकती एक-दूजें से अलग..
और साथ की पूर्णता
ना जाने किस तरह से..
भर देती है उनमें इतनी ताकत
कि लड़ जाते है वो पूरी दुनिया से..
एक-दूजें के साथ के लिए........।
No comments:
Post a Comment
Newer Post
Older Post
Home
Subscribe to:
Post Comments (Atom)
No comments:
Post a Comment